ओंकारेश्वर में आध्यात्मिक उत्सव: मोहन यादव ने की पूजा, शंकराचार्य का सम्मान
ओंकारेश्वर (खंडवा): मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव शुक्रवार को खंडवा के पवित्र तीर्थ ओंकारेश्वर पहुंचे, जहाँ उन्होंने 'एकात्म धाम' में आयोजित पांच दिवसीय आचार्य शंकर प्रकटोत्सव में हिस्सा लिया। मुख्यमंत्री ने 'एकात्म पर्व 2026' के शुभारंभ पर विशेष पूजा-अर्चना की और प्रदेश की सुख-समृद्धि की कामना की।
संतों का सम्मान और अद्वैत लोक की तैयारी
इस आध्यात्मिक समागम के दौरान मुख्यमंत्री ने द्वारका पीठाधीश्वर जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी सदानंद सरस्वती जी महाराज से भेंट कर उनका मार्गदर्शन प्राप्त किया। डॉ. यादव ने शंकराचार्य जी को अंगवस्त्र और श्रीफल भेंट कर सम्मानित किया।
उल्लेखनीय है कि राज्य सरकार एकात्म धाम के दूसरे चरण के तहत भव्य ‘अद्वैत लोक’ संग्रहालय का निर्माण कर रही है। मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में पिछले वर्ष मई में हुई कैबिनेट बैठक में इस परियोजना के लिए 2195 करोड़ रुपये के बजट को मंजूरी दी जा चुकी है। यह संग्रहालय आदि शंकराचार्य के दर्शन और जीवन को विश्व पटल पर प्रदर्शित करेगा।
बौद्धिक विमर्श: युवाओं और आधुनिकता के बीच अद्वैत
एकात्म पर्व के प्रथम दिन आयोजित 'अद्वैतामृतम् विमर्श सभा' में विद्वानों ने वर्तमान समय में वेदांत की प्रासंगिकता पर चर्चा की।
नई पीढ़ी और अध्यात्म: 'अद्वैत एवं जेन-जी (Gen Z)' विषय पर हुए संवाद में स्वामी स्वात्मानंद और अन्य विशेषज्ञों ने बताया कि कैसे आधुनिक युवा अद्वैत दर्शन के जरिए मानसिक शांति और स्पष्टता पा सकते हैं।
दार्शनिक चर्चा: कार्यक्रम के दौरान 'उड़िया बाबा' परंपरा और उसके गूढ़ दार्शनिक पहलुओं पर अयोध्या के आचार्य मिथिलेशनंदिनी शरण और स्वामी प्रणवानंद सरस्वती जैसे विद्वान संवाद करेंगे।
साहित्य का संगम
मुख्यमंत्री ने आयोजन स्थल पर लगाई गई पुस्तक प्रदर्शनी का भी अवलोकन किया, जहाँ अद्वैत दर्शन, भारतीय संस्कृति और आचार्य शंकर के साहित्य को प्रदर्शित किया गया है।

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