विराट-रोहित का उदाहरण देकर अश्विन ने उठाई गेंदबाजों की आवाज, शमी और सिराज पर कही बड़ी बात
नई दिल्ली। इंग्लैंड दौरे पर खेली गई वनडे सीरीज के दौरान भारतीय कप्तान रोहित शर्मा के संन्यास को लेकर कई तरह की अटकलें और खबरें सामने आई थीं। मीडिया रिपोर्ट्स में यहां तक दावा किया गया था कि लॉर्ड्स के मैदान पर खेला गया वनडे मुकाबला रोहित के अंतरराष्ट्रीय करियर का आखिरी मैच साबित हो सकता है। हालांकि, उसी मैच में शानदार शतकीय पारी खेलकर रोहित शर्मा ने इन सभी अफवाहों पर पूरी तरह विराम लगा दिया। इस बीच, भारतीय टीम के अनुभवी पूर्व ऑफ स्पिनर रविचंद्रन अश्विन ने रोहित शर्मा और विराट कोहली के भविष्य को लेकर एक बड़ा और बेबाक बयान दिया है।
गौतम गंभीर और चयन समिति की योजनाओं पर चर्चा
जब से गौतम गंभीर ने भारतीय टीम के मुख्य कोच की जिम्मेदारी संभाली है, तब से लगातार ऐसी चर्चाएं होती रही हैं कि वह आगामी वनडे वर्ल्ड कप के मद्देनजर रोहित और विराट को टीम की योजनाओं में शामिल नहीं करना चाहते हैं। ऐसी खबरें भी सामने आई थीं कि मुख्य कोच दोनों दिग्गज खिलाड़ियों को दरकिनार कर युवा खिलाड़ियों के साथ आगे बढ़ना चाहते हैं। इसी मुद्दे पर अपनी राय रखते हुए रविचंद्रन अश्विन ने मुख्य कोच गौतम गंभीर और मुख्य चयनकर्ता अजीत अगरकर को आड़े हाथों लिया है।
'दिग्गज खिलाड़ियों को छू भी नहीं सकते'
अश्विन ने इस बात का जिक्र किया कि अगरकर और गंभीर की सोच यह हो सकती है कि अब इन सीनियर खिलाड़ियों को संन्यास ले लेना चाहिए। इंग्लैंड दौरे के दौरान भी ऐसी रिपोर्ट्स आई थीं कि टीम प्रबंधन ने रोहित से स्पष्ट कह दिया है कि वे उन्हें भविष्य की वनडे योजनाओं में नहीं देख रहे हैं। इस पर अपने एक बयान में अश्विन ने कहा, "वे लोग विराट और रोहित को छू भी नहीं सकते। इसका सबसे बड़ा कारण उनकी ऐतिहासिक उपलब्धियां हैं। रोहित ने वनडे क्रिकेट में लगभग 12,000 रन बनाए हैं, इसलिए कोई भी उन्हें आसानी से बाहर नहीं कर सकता।"
बल्लेबाजों की फैन फॉलोइंग और 'आर्मी' का असर
अश्विन ने आगे अपनी बात रखते हुए कहा कि इन दिग्गजों को टीम से बाहर न किए जाने के पीछे उनकी विशाल फैन फॉलोइंग भी एक बड़ा कारण है। उन्होंने कहा, "दूसरी बात यह है कि वे बल्लेबाज हैं और उनके पीछे फैंस की एक पूरी 'आर्मी' या बटालियन खड़ी है। लोग स्टेडियम सिर्फ उन्हें देखने आते हैं। यदि आप उन्हें अचानक बाहर करते हैं, तो इससे भारतीय क्रिकेट को भारी नुकसान उठाना पड़ सकता है।"
गेंदबाजों की स्थिति पर अश्विन का तंज
अश्विन का यह भी मानना है कि यदि रोहित और विराट की जगह कोई गेंदबाज होता, तो टीम प्रबंधन के लिए फैसले लेना आसान होता, क्योंकि गेंदबाजों के पास बल्लेबाजों जैसी व्यापक फैन फॉलोइंग नहीं होती है। उन्होंने कहा, "यदि मोहम्मद शमी, मोहम्मद सिराज या भुवनेश्वर कुमार जैसे गेंदबाजों को टीम में नहीं चुना जाता है, तो 10, 100 या 1000 लोग सवाल पूछेंगे, लेकिन वे उस तरह का हंगामा या शोर नहीं मचाएंगे जैसा बल्लेबाजों के बाहर होने पर होता है। जिस दिन गेंदबाज भी अपने हक के लिए वैसी ही आवाज उठाने लगेंगे, उस दिन किसी भी खिलाड़ी को बाहर करना बहुत मुश्किल हो जाएगा।"

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