ISS से लौटे भारतीय अंतरिक्ष यात्री से मिले प्रधानमंत्री, जाना पूरा अनुभव
नई दिल्ली। दिल्ली में प्रधानमंत्री मोदी और ग्रुप कैप्टन शुभांशु शुक्ला की मुलाकात हुई। इस दौरान दोनों ने खुलकर मिशन से जुड़ी चीजों पर चर्चा की। शुभांशु शुक्ला ने पीएम को ये भी बताया कि स्पेस स्टेशन पर उनको किन मुश्किलों का सामना करना पड़ता है। उनकी कहना है कि हमारे लिए एक चुनौती होती है कि कम जगह में ज्यादा से ज्यादा कैलोरी और पोषक तत्व पैक करने होते हैं। हालांकि, शुभांशु शुक्ला ने बताया कि स्पेस स्टेशन पर खाने की समस्या से निपटने के लिए कई प्रयोग किए जा रहे हैं। इसके अलावा, प्रधानमंत्री ने उनको दिए होमवर्क के बारे में भी बात की।
अंतरिक्ष स्टेशन पर क्या है सबसे बड़ी समस्या?
प्रधानमंत्री मोदी से बातचीत के दौरान ग्रुप कैप्टन शुभांशु शुक्ला ने अपने अनुभव साझा किए। उन्होंने कहा कि ‘अंतरिक्ष स्टेशन पर सबसे बड़ी चुनौती खाना है। दरअसल, वहां पर जगह कम होती है। हालांकि, इसके लिए भी हर तरह से प्रयोग किए जा रहे हैं।’ उन्होंने बताया कि एक डिश में पानी डालकर छोड़ने से कुछ खाने के सामान करीब 8 दिन में अंकुरित होने शुरू हो जाते हैं।
पीएम ने पूछा- कैसे था लोगों का रिएक्शन?
पीएम ने ग्रुप कैप्टन शुभांशु शुक्ला से पूछा कि ISS में किसी इंडियन को देखकर वहां के लोगों का क्या रिएक्शन था? इस पर उन्होंने कहा कि ‘मैं जहां भी गया, जिससे भी मिला, सभी मुझसे मिलकर बहुत खुश हुए। सबसे बड़ी बात यह थी कि सभी को वहां पर पता था कि भारत अंतरिक्ष के क्षेत्र में बेहतर कर रहा है।’ शुभांशु शुक्ला ने आगे कहा कि ‘सभी को गगनयान के बारे में जानना था, वे इसे लेकर उत्साहित थे। वहां मुझसे पूछा जाता था कि आपका मिशन कब शुरू होगा।’

भारतीय क्रिकेट का नया सितारा, सूर्यवंशी की T20 टीम में धमाकेदार एंट्री
फर्जी हस्ताक्षर या सियासी साजिश? TMC में दस्तावेज लीक से बढ़ा विवाद
ओवैसी का बड़ा हमला: 'सरकारी योजनाएं शुभेंदु की निजी खैरात नहीं', वोटर लिस्ट से राशन रोकने पर उठाए सवाल
डीके शिवकुमार कैबिनेट में पहला बड़ा संकट: बेंगलुरु पोर्टफोलियो न मिलने से नाराज रामलिंगा रेड्डी का इस्तीफा, कहा- 'बार-बार अपमानित नहीं हो सकता'
NEET-UG पेपर लीक: मास्टरमाइंड शुभम की न्यायिक हिरासत 15 जून तक बढ़ी, मनीषा वाघमारे की बेल पर 9 को फैसला